धरती पर जीवन किन-किन तरीकों से मिट सकता है?

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नमस्कार दोस्तों, आज की इस आर्टिकल/video में हम लोग बात करने वाले, कि किन किन कारणों की वजह से धरती पर जीवन मिट सकता है। तो इस आर्टिकल/video को अंत तक जरूर पढ़िए/,dekhiye। हम आज छह घटनाओं के ऊपर बात करेंगे, अगर वह होती है, तो धरती पर से जीवन जीवन मिट जाएगा।

अनुक्रम

1. Asteroid, Lost Planet and Star.

अंतरिक्ष में भटकते हुए ग्रह, सितारे और एस्ट्रॉयड और कभी भी धरती से‌ टकरा सकते हैं। अगर टकरा गए तो धरती पर से पूरा जीवन खत्म हो जाएगा। उदाहरण के तौर पर जुपिटर और मार्स ग्रह के बीच में बहुत सारे एस्ट्रॉयड मौजूद है, वह कभी भी सूर्य की गुरुत्वाकर्षण बल से आकर्षित होकर, सूर्य से टकरा सकते हैं, और पृथ्वी उनके रास्ते के बीच में आ सकती है। तो इस प्रकार कोई एस्ट्रॉयड फिर से टकरा सकता है।

और हमारे ब्रह्मांड में बहुत सारे भटकते हुए ग्रह और सितारे मौजूद है। वह किसी भी वक्त धरती से टकरा सकते हैं, और उनकी रफ्तार बहुत ज्यादा होती है, जिसके कारण अगर वह पृथ्वी से टकराते हैं, तो पृथ्वी पूरी तरह तबाह हो जाएगी।
और सबसे कमाल की बात यह है, की चांद भी इसी तरह से बना था। यह प्रक्रिया कैसे हुई थी इसके बारे में हम किसी और आर्टिकल/video में जानेंगे।

2. Gamma Rays Burst.

जो भी चीज इस ब्रह्मांड में जन्म लेती हैं, वह कभी ना कभी जरूर मरती है, इस प्रकार सितारे भी, कुछ लाख सालों से 7-8 अरब साल के बीच अपना दम तोड़ देते हैं। जो सितारे सबसे छोटे होते हैं, वह वाइट ड्रॉफ में तब्दील हो जाते हैं, और जो उनसे बड़े होते हैं, वह न्यूट्रॉनस्टार में बदल जाते हैं। लेकिन जो सबसे बड़े होते हैं, वह मरने के बाद ब्लैक होल में बदल जाते हैं। और जब सीतारा ब्लैक होल या न्यूट्रॉन स्टार में तब्दील होता है, तब उसमें से गामा रेज़ निकलती है।
और यही हमारी अगर धरती से टकराएंगे तो धरती पर से जीवन खत्म हो सकता है। यहां पर आप इस तस्वीर में देख सकते हैं, गामा रेज़ कितनी खतरनाक होती है।
गामा रेज बहुत दूर से भी पृथ्वी से टकराती है, तब भी वह धरती को नुकसान दायक हो सकती हैं। अगर कोई गामा रेज हमारी धरती से 1000 लाइट ईयर दूर से आती है, तब भी धरती के वायुमंडल में फर्क पड़ेगा, और अगर वही गामा रेज़ 200 लाइट ईयर से कम की दूरी से आती है, तो धरती पर से जीवन खत्म हो सकता है। और ऐसा आज से अरबों साल पहले हो चुका है, जब एक बार धरती से गामा रेज़ टकराई थी, और सतह के सभी जानवर विलुप्त हो गए थे, और समुद्र की गहराइयों के जानवर ही बच पाए थे।
तो दोस्तों, गामा रेज बहुत खतरनाक होती है।

3. Black Hole.

तो दोस्तों, आप सभी को तो पता होगा ब्लैक होल कितने खतरनाक होते हैं, अगर एक छोटा सा ब्लैक होल भी हमारे सौरमंडल में आ जाता है, तो वह बड़ा खतरनाक होगा, वह ब्लैक होल धीरे-धीरे सारे ग्रहों को खा जाएगा और फिर पृथ्वी को भी खा सकता है, ब्लैक होल का गुरुत्वाकर्षण बल बहुत मजबूत होता है, जिसके कारण पृथ्वी उसे करीब जाते हैं, उसके टुकड़े हो जाएंगे, और पृथ्वी पर से जीवन मिट जाएगा।

4. Magnetic Fields be over.

तो दोस्तों, मंगल ग्रह पर आज जीवन नहीं है, क्योंकि उसके पास मैग्नेटिक फील्ड नहीं है, आज से अरबों साल पहले, मंगल ग्रह पर पानी था, लेकिन आज सारा पानी खत्म हो गया। सूरज के सोलर विंड्स ने मंगल ग्रह पर से जितना पानी था, उसमें से सारे हाइड्रोजन को निकाल दिया, और सिर्फ ऑक्सीजन बची रही, और वह लाल हो गया। और इस तरह मंगल ग्रह पर से सारा पानी खत्म हो गया।
तो दोस्तों, किसी भी ग्रह का केंद्र बहुत गर्म होता है, और उसके अंदर की जो धातु यानी मेटल्स होते हैं, जब ग्रह घूमता है, तब वह धातु भी घूमते हैं। जिसके कारण मैग्नेटिक फील्ड उत्पन्न होती है, और वही फ़ील्ड सूर्य के सोलर विंड्स से बचाती है। और ग्रह जितना बड़ा होगा, उतने ही लंबे समय तक उसकी मैग्नेटिक फील्ड बनी रहेंगी, लेकिन मंगल ग्रह काफी छोटा था, उसका डायमीटर यानी व्यास सिर्फ 6779 किलोमीटर है, और पृथ्वी का 12,752 है, इसके कारण मंगल ग्रह का भीतरी हिस्सा जल्दी ठंडा हो गया, और उसकी मैग्नेटिक फील्ड जल्दी चली गई, लेकिन पृथ्वी मंगल से दुगनी बड़ी है, जिसके कारण उसका भीतरी हिस्सा आज भी गर्म है, और काफी समय तक रहेगा, लेकिन जब यह खत्म हो जाएगा, तब सूर्य के सोलर विंड धरती पर से सारा वातावरण निकाल देंगे, और जब वातावरण नहीं रहेगा, तो सूर्य की हानिकारक किरणों इंसानों पर पड़ेगी, साथी साथ समुद्र भाप बन जाएंगे, और भी बहुत कुछ होगा, जिससे इंसानों का खात्मा हो जाएगा।

5. Epidemic.

तो दोस्तों, एपिडेमिक का अर्थ होता है, महामारी। आजकल हमारे दुनिया में बहुत सारी नई बीमारियां फैल रही है, ऐसे में कभी ऐसा भी हो सकता है, कि कोई बीमारी कुछ ज्यादा ही फेल जाएं, और सारे इंसान खत्म हो जाए। ऐसे होने की संभावना बहुत कम है, क्योंकि इंसान अपने आप को कुछ ना कुछ करके बचा ही लेगा, लेकिन ऐसी बीमारी भी फैल सकती हैं, जिसका इंसान के पास कोई इलाज ना हो। ऐसे में सारे इंसान खत्म हो सकते हैं, और अगर ए बीमारी जानवरों में हुई तो जानवर भी खत्म हो सकते हैं। स्वाइन फ्लू, इबोला, कोरोना, जीका और भी बहुत सारी बीमारियां है, जिसने काफी इंसानों को मारा है। लेकिन हमें इसका इलाज मिल जाता था, लेकिन कोई ऐसी बीमारी आ जाए जिसका हमें इलाज ना मिले, तो धरती पर से जीवन पूरा खत्म हो सकता है, लेकिन इसकी काफी-काफी कम संभावना है।

6. Sun’s Fate.

तो दोस्तों, पिछले पांच कारण से धरती का अंत हो या ना हो लेकिन यह वाला जरूर होगा। आज जो सूर्य हमारे लिए देव है, वही कल जाकर दानव बन जाएगा। क्योंकि सूर्य का आकार, हमेशा बढ़ता रहता है। और आज से 500 करोड़ साल बाद सूर्य इतना बड़ा हो जाएगा, की शायद वह पृथ्वी को निगल जाएं, या फिर पृथ्वी के काफी करीब आ जाए, लेकिन और शुक्र ग्रह को पक्का निकल जाएगा, और उसके थोड़ा आगे आगे भी रुक सकता है। और सूर्य की गर्मी हमें इतनी दूर से ही इतनी ज्यादा लगती हैं, अगर वह बड़ा होते जाएगा, तो गर्मी और बढ़ती जाएगी, और धरती के जितने समुंदर है, वह भाप बन जाएंगे, और फिर धरती की जो गर्मी है, अंतरिक्ष में नहीं जा पाएगी, और गर्मी बढ़ती जाएगी, उससे और समुद्र भाप बनेंगे और गर्मी बढ़ेगी। और ऐसा होते होते, धरती की सतह का तापमान 3600°C तक बढ़ जाएगा। और फिर पत्थर भी पिघल जाएगा। कुल मिलाकर धरती पूरी नर्क बन जाएगी। और जैसा हाल आज शुक्र ग्रह का है, वैसा हाल हमारा हो जाएगा, यानी धरती पर से पूरा जीवन खत्म हो जाएगा। आज से सिर्फ 110 करोड़ वर्ष बाद पृथ्वी का तापमान 900°C तक पहुंच जाएगा।
हम इंसानों को किसी और ग्रह पर जाना पड़ेगा, शायद मंगल पर। लेकिन यह पक्का है, कि धरती का अंत जरूर होगा, क्योंकि ब्रह्मांड में हर एक चीज का अंत होता है, खुद ब्रह्मांड का भी।

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